एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में ड्रग्स के मुद्दे की अब हर ओर चर्चा हो रही है। राखी सावंत की मानें तो कई एक्टर्स ऐसे ड्रग्स लेते हैं जिनसे उन्हें भूख ना लगे। हाल ही में दैनिक भास्कर से बातचीत के दौरान, राखी ने बताया कि कई लोग खुद को स्लिम-ट्रिम रखने के लिए अलग-अलग प्रकार के ड्रग्स लेते हैं। हालांकि ये हाल सिर्फ इंडस्ट्री में ही नहीं बल्कि देश भर में हैं।

मैं इस इंडस्ट्री में 15 साल से जुड़ी हुई हूं। मैंने देखा है कि कई लोग फिर चाहे वो अभिनेता हो या अभिनेत्री, ड्रग्स लेते हैं खुद के ग्लैमर को बरकरार रखने के लिए। कुछ लोग नशे के लिए इन ड्रग्स का उपयोग करते हैं लेकिन ज्यादातर लोग उनका ग्लैमर ना खो जाए इसीलिए ड्रग्स लेते हैं। यकीन मानिए एक्टर्स ज्यादातर वीड (ड्रैग का एक प्रकार) लेते हैं जिनसे उन्हें भूख नहीं लगती। लड़कियां पतली-दुबली रहती हैं, जिसकी वजह से उन्हें कई प्रोजेक्ट्स मिलते हैं, कैमरा के सामने वे दुबली दिखती हैं। कई एक्ट्रेस पर उनका वजन ना बढ़ जाए इसका प्रेशर होता है। उन्हें डर रहता है कि यदि उनका वजन बढ़ गया तो उन्हें काम नहीं मिलेगा जिससे वे डिप्रेशन में भी चली जाती हैं। अपनी भूख मिटाने के लिए वे लोग ड्रग्स लेते हैं।

कुछ साल पहले मैं भी अपने बढ़ते वजन से परेशान थी। समझ नहीं आता था कि मेरा अचानक इतना वजन क्यों बढ़ रहा है। उस वक्त मुझे भी वीड और हैश (ड्रग का एक प्रकार) लेने का सुझाव दिया गया था। मुझसे कहा गया था कि ये ड्रग्स बहुत आम हैं और इसे अधिकतर लोग लेते हैं स्लिम-ट्रिम रहने के लिए। लेकिन मैं उसमे कम्फर्टेबल नहीं थी। वीड और हैश की बजाए मैंने हॉट योग चुना। ऐसे कई एक्टर्स हैं जिन्हें एक्सरसाइज करने का मौका नहीं मिलता है बस इसी वजह से वे लोग ये शॉर्ट कट अपनाते हैं जोकि पूरी तरह से गलत हैं। सच कहूं तो मैं इंडस्ट्री के कई लोगों को जानती हूं जोकि ड्रग्स का सेवन करते हैं हालांकि मुझे कोई अधिकार नहीं हैं उनके नाम लेने का। हिंदुस्तान में हर जगह-जगह लोग ड्रग्स का उपयोग कर रहे हैं, सिर्फ बॉलीवुड में ही नहीं। देखिए, मेरे हिसाब से फिल्म नगरी एक सपनों की नगरी मानी जाती है। यहां कई लोगों के सपने पूरे होते हैं। कुछ खराब लोग की वजह से इंडस्ट्री का नाम खराब हो रहा है। मैं आने वाली जेनरेशन से यही निवेदन करुंगी कि यदि वे इस इंडस्ट्री से जुड़ना चाहते हैं तो अपने घरवालों का साथ ना छोड़े। यदि बच्चे अकेले रहेंगे तो गलत राह पर जाने का डर जरूर होगा। शूटिंग पर कोई गलत काम नहीं होता, इसीलिए बॉलीवुड को बदनाम करना गलत होगा। कोई किसी पार्टी या अपने घर पर गलत काम कर रहा है तो इसमें बॉलीवुड का क्या कसूर?

इसमें कोई दो राय नहीं है कि लोग ड्रग्स को बॉडी फैट-कटर, डिप्रेशन-कटर के तौर पर इस्तेमाल करते हैं। इंडस्ट्री में बहुत कम्पटीशन है, इस प्रेशर में भी लोग ड्रग्स लेते हैं ताकि वे इसमें सर्वाइव कर पाएं।

एक्टर इंडस्ट्री के अलावा, फैशन इंडस्ट्री, डांस इंडस्ट्री में भी ड्रग्स लेना आम बात है। हैरान हूं, अब तक इनमें से किसी के नाम बाहर क्यों नहीं आए। कई मंत्री और उनके बेटे भी ड्रग्स लेते हैं, उनका नाम क्यों नहीं आया? बॉलीवुड को कीचड़ बताने वाले मंत्रियों को पहले अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। जया बच्चन जी ने जो कहा है मैं बिलकुल उनके साथ हूं। मैं समझ नहीं पा रही हूं कि लोग सिर्फ बॉलीवुड को गटर क्यों बोल रहे हैं? देखिए इस बात को हमें स्वीकार करना होगा कि पूरी दुनिया में ड्रग्स का सेवन किया जाता है। कोई ये ना भूले की सिर्फ पंजाब (उड़ता पंजाब फिल्म) में ही नहीं पूरे भारत में ड्रग्स का व्यापार होता है और लोग इसका सेवन करते हैं। लेकिन सिर्फ बॉलीवुड के लोगों को टारगेट किया जा रहा है।